बारिश से फसल हुई बर्बाद, अब मुआवजे की आस
Publish Date: | Tue, 01 Sep 2020 04:04 AM (IST)
छिंदवाड़ा/चौरई (नवदुनिया प्रतिनिधि)। जिले में दो दिन तक लगातार हुई बारिश के बाद तबाही के मंजर पीछे छूट गए हैं, किसानों की बड़े पैमाने पर फसल बर्बाद हुई है, चौरई, सौंसर ब्लाक में तो 50 से 60 फीसद मक्के और सोयाबीन की फसल बर्बाद हो गई है। सिंगोड़ी में भी मक्के की फसल आड़ी हो गई है। लिहाजा अब किसान मुआवजे की आस लगाए हैं। चौरई विधायक सुजीत चौधरी ने भी जल्द मुआवजा दिलाने की मांग शासन से की है। चौरई विधानसभा की चौरई, चांद एवं बिछुआ तहसील में अतिवृष्टि व आंधी तूफान से काफी बड़े स्तर पर फसलों की तबाही हुई है। यहां जल्द सर्वे तथा मुआवजे व पेंच कुलबहरा नदी में आज तक की सबसे भीषणतम बाढ़ के चलते चौरई एवं चांद तहसील के नदी के आसपास करीब 15 गांवों में सैकड़ों घरों के बह जाने व गिरने से बेघर हुए लोगों के मकान व उनके सैकड़ों पालतू पशुओं के पानी के बहाव में बहने से हुए नुकसान की क्षतिपूर्ति की मांग के संबंध में पीड़ितों के साथ सोमवार को ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष बैजू बर्मा व चौरई विधायक चौधरी सुजीत सिंह के संयुक्त नेतृत्व में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के नाम चौरई एस.डी.एम. कार्यालय में उपस्थित जिला पंचायत सीईओ को दिया। साथ ही ज्ञापन में फसल बीमा योजना की अंतिम तिथि को 5 सितंबर तक बढ़ाने की मांग की गई। इस अवसर पर विधायक चौधरी सुजीतसिंह, ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष बैजू वर्मा, राजेंद्र पटेल, पूर्व विधायक चौधरी गंभीर सिंह, तीरथ सिंह ठाकुर, क्षेत्रीय अध्यक्ष राजेंद्र शर्मा, नवीन पटेल, सुंदर सिंह पटेल, ईश्वर चौधरी, अमित चौरसिया, जुगल किशोर तिवारी, मनोज राज, आशीष वर्मा, हरिशचंद पटेल साथ ही कांग्रेस के विभिन्ना संगठनों के सभी पदाधिकारी, नेतागण एवं बड़ी संख्या में क्षेत्र से आए किसान व बाढ़ पीड़ित उपस्थित रहे। फसल बीमा के लिए किसान तहसील कार्यालय में पटवारियों के कक्ष में चक्कर लगा रहे हैं। सैकड़ों की संख्या में किसान अपने खेतों में नष्ट हुई फसल का बीमा कराने के लिए परेशान होते रहे।
मक्का व सोयाबीन की फसल तबाहः
लगातार विगत दो दिनों से हुई भारी बारिश के चलते अमरवाड़ा विधानसभा सभा क्षेत्र की सबसे बड़ी ग्राम पंचायत सिंगोड़ी सहित आस पास के ग्राम रजोला , भजिया बडेगाव, बाबई खकरा चौरई पिंडरई डवीर गुरैया आदि दर्जनों ग्राम के किसानों ने सोमवार को सिंगोड़ी चौकी प्रभारी के माध्यम से मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन सौंपते समय परसादी पटेल एवं सुरेश चंद्रवंशी ने बताया कि सिंगोड़ी क्षेत्र के विभिन्ना ग्रामीण अंचलों में नदी नाले के भारी उफान होने के कारण 80 फीसद किसानों की मक्का और सोयाबीन की फसल पूर्णता बर्बाद हो चुकी है। जिससे किसानों के पास अपनी आजीविका चलाने के लिए कुछ भी नहीं बच पाया है। वहीं कृषक रमेश सिंह परिहार ने बताया कि विगत दिनों हुई भारी बारिश के कारण क्षेत्र के बहुत से किसानों कि फसल नदी नालों के ते बहाव ओर बारिश के चलते खराब हो गई है।
जिले में सामान्य से ज्यादा वर्षा दर्ज, लबालब हो गए जलाशय व तालाब
1134.9 मिमी औसत वर्षा, चौरई में सर्वाधिक 1528.4 मिमी, पिछले वर्ष इसी समय तक हुई थी 763.9 मिमी वर्षा
छिंदवाड़ा। जिले में अभी तक 1134.9 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गई है जो कि सामान्य वर्षा 1050 मिमी से काफी ज्यादा है। जबकि गत वर्ष इस अवधि तक 763.9 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गई थी। पिछले कुछ दिनों में हुई लगातार बारिश के कारण चौरई व चांद क्षेत्र में बाढ़ जैसे हालात बन गए थे शनिवार से बारिश रुकी हुई है जिससे हालात सामान्य हुई है लेकिन बारिश के कारण लोगों को काफी नुकसान हुआ है। लगातार बारिश के कारण जिले के 130 जलाशय शत प्रतिशत भर गए हैं। जिले में 30 अगस्त को 24 घंटों के दौरान 28.8 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गई है। जिले में सर्वाधिक चौरई तहसील में 1528.4 मिमी और सबसे कम तहसील चांद में 907.1 मिमी वर्षा दर्ज की गई है। वहीं पिछले 24 घंटे की बात की जाए तो सर्वाधिक चौरई तहसील में 67.6 और सबसे कम पांढुर्णा में तहसील में 10.2 मिमी वर्षा दर्ज की गई है। अधीक्षक भू-अभिलेख ने बताया कि जिले में एक जून से अभी तक तहसील चौरई में 1528.4, जुन्नाारदेव में 1363.4, अमरवाड़ा में 1270, परासिया में 1238.2, उमरेठ में 1185.4, मोहखेड़ में 1159.8, तामिया में 1084, हर्रई में 1064.2,
छिन्दवाड़ा में 1023.1, बिछुआ में 1001.8, सौंसर में 989.2, पांढुर्णा में 936.2 और चांद में 907.1 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गई है।
Posted By: Nai Dunia News Network
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