भोपाल में रावतपुरा सरकार का भव्य महाअनुष्ठान: 20 हजार दीपों से जगमगाया लाल परेड मैदान
भोपाल: आस्था और अध्यात्म का एक अद्भुत संगम राजधानी के लाल परेड मैदान में देखने को मिला। शरद पूर्णिमा के पावन अवसर पर सद्गुरु देव रावतपुरा सरकार के सान्निध्य में 'श्री राजराजेश्वरी कोटि हरिद्रा कुमकुम अर्चन' का भव्य आयोजन किया गया। इस महाअनुष्ठान के भक्तिमय माहौल ने मैदान में अब तक हुए तमाम राजनीतिक, सामाजिक और ग्लैमर जगत के कार्यक्रमों की यादों को पीछे छोड़ दिया। हजारों श्रद्धालुओं ने मां राजराजेश्वरी की आराधना कर प्रदेश और देश में सुख, शांति व समृद्धि की कामना की।
20 हजार कलश और नेपाल से आई हवन सामग्री
आयोजन की भव्यता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि कार्यक्रम स्थल पर 20 हजार कलश स्थापित किए गए और उन पर सजे 20 हजार दीपों की रोशनी से पूरा पंडाल अलौकिक रूप से जगमगा उठा। मां राजराजेश्वरी को अर्पित की जाने वाली विशेष पूजन और हवन सामग्री भारत के विभिन्न राज्यों के साथ-साथ नेपाल से भी मंगवाई गई थी। इस दुर्लभ अनुष्ठान में लगभग 238 प्रकार की सामग्रियों का उपयोग किया गया। पिछले कुछ दिनों से भोपाल में ही प्रवास कर रहे रावतपुरा सरकार के समूचे शिष्य मंडल ने इस आयोजन को भव्यतम स्वरूप देने में कोई कसर नहीं छोड़ी।
मुख्यमंत्री सहित पक्ष-विपक्ष के कई नेताओं ने लिया आशीर्वाद
इस ऐतिहासिक आयोजन में प्रदेश की राजनीति के कई दिग्गज एक ही मंच पर नजर आए। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अपने दौरे पर रवाना होने से पूर्व रावतपुरा सरकार के दर्शन कर उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल, मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल, गोविंद सिंह राजपूत, विश्वास कैलाश सारंग, विधायक रामेश्वर शर्मा और सांसद आलोक शर्मा सहित कई प्रमुख जन प्रतिनिधि शामिल हुए।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने भी इस आयोजन में हिस्सा लिया और इसे जीवन का पहला इतना विशाल, अद्भुत और अकल्पनीय अनुभव बताया। उन्होंने इसे प्राचीन भारतीय परंपरा, सभ्यता और अध्यात्म का जीवंत प्रतीक करार दिया।
भोपाल के लिए गौरव का क्षण
भोपाल की महापौर मालती राय ने इस महाआयोजन पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि मां राजराजेश्वरी के पूजन के लिए भोपाल की धरती को चुना जाना शहरवासियों के लिए बड़े गौरव की बात है। इस विशाल आयोजन को सफलतापूर्वक संपन्न कराने में मुकेश श्रीवास्तव, बृजेश राजपूत और ज्ञानेन्द्र तिवारी ने प्रमुख सूत्रधार की भूमिका निभाई, जिसमें राज्य सरकार के मंत्री विश्वास कैलाश सारंग और वरिष्ठ पत्रकार विजय कुमार दास सहित शहर के कई प्रतिष्ठित नागरिकों का विशेष सहयोग रहा।