कमियों को पूरा करेगा रेलवे, फिर दौड़ेगी मालगाड़ी
Publish Date: | Thu, 10 Sep 2020 04:13 AM (IST)
छिंदवाड़ा। सीआरएस ने निरीक्षण के बाद छिंदवाड़ा नागपुर रेलमार्ग पर ट्रेन दौड़ाने की अनुमति दे दी, जिसके बाद रेलवे इस रेल मार्ग पर पहले मालगाड़ी दौड़ाएगा। कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी ने इस रेलमार्ग के निरीक्षण के दौरान कुछ खामियां भी पाई थी जिसे रेलवे को दुरुस्त करना है जिसमें रेलवे जुट गया है। बताया जा रहा है कि इन छोटी-छोटी खामियों को पूरा करने के बाद रिपोर्ट सीआरएस के सामने रखी जाएगी। जिसके बाद मालगाड़ी दौड़ने लगेंगी। इस परियोजना के चौथे व सबसे दुर्लभ रेलमार्ग पर सीआरएस का निरीक्षण चुनौतियों से भरा हुआ था। इस मार्ग पर 91 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से ट्रेन दौड़ाई गई। मालगाड़ी इस रेलमार्ग पर तकरीबन 6 माह दौड़ाई जाएगी तथा स्पीड भी कम होगी, जिसके बाद ही इस मार्ग पर पैसेंजर ट्रेन दौड़ाई जाएगी। रेलमार्ग व इलेक्ट्रीफिकेशन का सीआरएस निरीक्षण होने के बाद परिेयोजना पूर्ण तो हो गई है, लेकिन अभी पैसेंजर ट्रेन में यात्रा करने में समय लगेगा। नियमों की बात की जाए तो सीआरएस निरीक्षण के बाद मालगाड़ी दौड़ाई जाती है। जिससे रेलवे ट्रैक की जांच कर लेता है फिर पैसेंजर ट्रेन दौड़ाने से पहले स्पीड ट्रायल लिया जाता है। उसके बाद पैसेंजर ट्रेन दौड़ाने की अनुमति दी जाएगी, जिसमें समय लगता है।
लोगों में सफर को लेकर है उत्सुकता
पिछले 11 वर्षों से लोग छिंदवाड़ा-नागपुर ब्राडगेज परिेयोजना के शुरू होने का इंतजार कर रहे हैं। छिंदवाड़ा से भंडारकुंड तक का सफर तो ट्रेन से हो रहा है, लेकिन आगे नागपुर तक का सफर करने की उत्सुकता जिले के लोगों में काफी समय से बनी हुई है। गांधीगंज के व्यापारी संकेत रघुवंशी बताते हैं कि जिले से महाराष्ट्र जिला लगा हुआ है, जहां पर सड़क मार्ग से सफर किया जाता है। इस परियोजना के पूर्ण हो जाने के बाद बहुत फायदा जिले के लोगों को होगा। नागपुर से रेलमार्ग जुड़ने से जिले का संपर्क महाराष्ट्र व अन्य राज्यों से होने से जिले में व्यापार की संभावनाएं बढ़ेंगी।
Posted By: Nai Dunia News Network
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